Join Sarthaks eConnect Today - Largest Online Education Community!
0 votes
3 views
in पीयूष प्रवाह - सत्य के प्रयोग (आत्मकथा अंश) by (52.8k points)
closed ago by

आश्रम के विद्यार्थी के साथ गाँधीजी ने क्या व्यवहार किया? इस व्यवहार का उस पर क्या प्रभाव पड़ा?

1 Answer

+1 vote
by (51.2k points)
selected ago by
 
Best answer

आश्रम में एक छात्र बहुत ऊधम मचाता थी। किसी से नहीं दबता था। दूसरों से लड़ता-झगड़ता था। एक दिन उसने बहुत ऊधम मचाया। समझाने पर भी नहीं समझा और गाँधी को धोखा दिया। इस पर गाँधीजी ने उसे रूल उठाकर मारा। मारते समय गाँधीजी काँपे, विद्यार्थी रोया, उसे चोट लगी । गाँधीजी का दिल भी दुखी हुआ। गाँधी को उसे मारने का पछतावा अन्त तक रहा। गाँधीजी को लगा कि उसे मारकर उन्होंने अपनी आत्मा का नहीं अपनी पशुता का ही दर्शन कराया है।

Related questions

Welcome to Sarthaks eConnect: A unique platform where students can interact with teachers/experts/students to get solutions to their queries. Students (upto class 10+2) preparing for All Government Exams, CBSE Board Exam, ICSE Board Exam, State Board Exam, JEE (Mains+Advance) and NEET can ask questions from any subject and get quick answers by subject teachers/ experts/mentors/students.

Categories

...